
चंबा। सीटू, एसएफआई और किसान सभा के पदाधिकारी अपनी मांगों को लेकर उपायुक्त से मिले। इस मौके पर उन्होंने उपायुक्त के माध्यम से मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह को एकज्ञापन भेजा। सीटू की जिला महासचिव सुदेश ठाकुर ने बताया कि सरकार की जनविरोधी नीतियां लगातार बढ़ती जा रही हैं। सीटू व इससे संबंधित संगठन इसका विरोध करते हैं। उन्होेंने कहा कि सरकार ने जनता के हितों के विपरीत काम करना बंद नहीं किया तो सीटू पूरे प्रदेश में आंदोलन करेगी। उन्होंने सरकार से मांग की है कि बढ़ती महंगाई पर रोक लगाई जाए और डिपुओं में सभी को सस्ता राशन उपलब्ध करवाया जाए। इसके अलावा राशन के कोटे में कटौती न की जाए। अस्पतालों में टेस्ट का कार्य निजी कंपनियों को देने पर रोक लगाई जाए। उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी वर्कर्स व हेल्पर के मानदेय में पंजाब व हरियाणा की तर्ज पर बढ़ोतरी की जाए तथा उन्हें पेंशन भी दी जाए। मिड डे मील वर्कर को न्यूनतम वेतन दिया जाए। इसके अलावा विभागों के रिक्त पड़े पदों को भरा जाए। इस मौके पर एसएफआई के जिला अध्यक्ष सुदेश राजपूत ने बताया कि कालेजों में अपनाई गई रूसा प्रणाली के तहत छात्रों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। इस नई शिक्षा पद्धति से छात्रों को हानि ही हुई है। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा कालेज व विश्वविद्यालय में लगातार निजीकरण किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि चंबा कालेज में मौजूदा समय में प्राचार्य सहित शिक्षक ों के लगभग 15 पद रिक्त पड़े हुए हैं। उन्होंने सरकार से मांग की है कि कालेज में रिक्त पड़े अध्यापकों के पदों को जल्द भरा जाए।
